बजट 2026-27: सीओएआई की सरकार से मांग टेलीकॉम लाइसेंस फीस घटाएं, स्पेक्ट्रम की कीमतों को फिर से तय करें
साइंस-टेक कारोबार बजट 2026-27: सीओएआई की सरकार से मांग टेलीकॉम लाइसेंस फीस घटाएं, स्पेक्ट्रम की कीमतों को फिर से तय करें
बजट 2026-27: सीओएआई की सरकार से मांग टेलीकॉम लाइसेंस फीस घटाएं, स्पेक्ट्रम की कीमतों को फिर से तय करें
Written byIANS
बजट 2026-27: सीओएआई की सरकार से मांग टेलीकॉम लाइसेंस फीस घटाएं, स्पेक्ट्रम की कीमतों को फिर से तय करें
IANS 13 Jan 2026 20:10 IST
Follow Us
New Update![]()
(source : IANS) ( Photo Credit : IANS)
नई दिल्ली, 13 जनवरी (आईएएनएस)। सेलुलर ऑपरेटर्स एसोसिएशन ऑफ इंडिया (सीओएआई) ने मंगलवार को सरकार से आग्रह किया कि आने वाले बजट में टेलीकॉम लाइसेंस फीस को मौजूदा 3 प्रतिशत से घटाकर 0.5 प्रतिशत या एक प्रतिशत कर दिया जाए, जिससे प्रशासनिक खर्च को आराम से कवर किया जा सके।
Advertisment
टेलीकॉम ऑपरेटर्स की प्रमुख इंडस्ट्री बॉडी ने यह भी सुझाव दिया कि स्पेक्ट्रम पर रिवर्स चार्ज पेमेंट, लाइसेंस फीस, स्पेक्ट्रम यूसेज चार्ज आदि पर जीएसटी की दर को मौजूदा 18 प्रतिशत से घटाकर 5 प्रतिशत किया जा सकता है, क्योंकि इससे सरकार की आय पर कोई फर्क नहीं पड़ेगा और इससे इनपुट टैक्स क्रेडिट (आईटीसी) जमा को कम करने में मदद मिलेगी।
सीओएआई के डायरेक्टर जनरल लेफ्टिनेंट जनरल डॉ. एस.पी. कोचर ने कहा, सीओएआई ऐसे उपायों की वकालत कर रहा है जो सेक्टर के वित्तीय बोझ को कम करेंगे, जिससे विकसित भारत के लक्ष्य को हासिल करने के लिए अगली पीढ़ी की कनेक्टिविटी का और विस्तार और रोलआउट हो सकेगा।
कोचर ने आगे कहा कि लाइसेंस फीस, जो लाइसेंस (एजीआर का 3 प्रतिशत) और डिजिटल भारत निधि योगदान (एजीआर का 5 प्रतिशत) का मिश्रण है, लाइसेंस्ड टेलीकॉम कंपनियों के लिए एक बहुत बड़ा वित्तीय बोझ है।
उन्होंने कहा, डिजिटल भारत निधि का योगदान तब तक रोक दिया जाना चाहिए जब तक कि टेलीकम्युनिकेशन डिपार्टमेंट द्वारा अप्रयुक्त निधि का पूरी तरह से इस्तेमाल नहीं कर लिया जाता।
सीओएआई ने सिफारिश की कि टेलीकॉम ऑपरेटरों को जीएसटी में विशेष लाभ दिया जाए, जिसमें एलएफ, एसयूसी और नीलामी के तहत दिए गए स्पेक्ट्रम के नियामक भुगतान पर जीएसटी में छूट दी जाए।
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण की ओर से बजट 2026-27 एक फरवरी को पेश किया जाएगा।
वित्त वर्ष 2027 का बजट वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा प्रस्तुत किया जाने वाला लगातार नौवां बजट होगा। उन्होंने सी.डी. देशमुख (7 बजट) के बाद लगातार सबसे अधिक बजट प्रस्तुत करने का रिकॉर्ड पहले ही बना लिया है। यदि वे वित्त वर्ष 2028 का बजट भी प्रस्तुत करती हैं, तो वे दिवंगत मोरारजी देसाई के रिकॉर्ड की बराबरी कर लेंगी, जिन्होंने दो कार्यकालों-1959 से 1964 के बीच छह और 1967 से 1969 के बीच चार-में कुल 10 बजट प्रस्तुत किए थे।
--आईएएनएस
एबीएस/
डिस्क्लेमरः यह आईएएनएस न्यूज फीड से सीधे पब्लिश हुई खबर है. इसके साथ न्यूज नेशन टीम ने किसी तरह की कोई एडिटिंग नहीं की है. ऐसे में संबंधित खबर को लेकर कोई भी जिम्मेदारी न्यूज एजेंसी की ही होगी.
Read More
हमारे न्यूज़लेटर की सदस्यता लें!
विशेष ऑफ़र और नवीनतम समाचार प्राप्त करने वाले पहले व्यक्ति बनेंअब सदस्यता लें
Read the Next Article