‘धुरंधर किसी पर जबरदस्ती कुछ नहीं थोपती’, मिडिल ईस्ट में फिल्म के बैन होने पर बोले दानिश पंडोर - Danish Pandor As Uzair Baloch Called Dhurandhar Unnecessary Ban In Middle East Says Cinema Is Subjective

‘धुरंधर किसी पर जबरदस्ती कुछ नहीं थोपती’, मिडिल ईस्ट में फिल्म के बैन होने पर बोले दानिश पंडोर - Danish Pandor As Uzair Baloch Called Dhurandhar Unnecessary Ban In Middle East Says Cinema Is Subjective

विस्तार Follow Us

रणवीर सिंह की ‘धुरंधर’ सिनेमाघरों में 41 दिन पूरे कर चुकी है। 41 दिन बाद भी फिल्म बॉक्स ऑफिस पर करोड़ों में कमाई कर रही है। यही कारण है कि ‘धुरंधर’ ने कमाई के कई रिकॉर्ड भी बना लिए हैं। फिल्म का हर किरदार काफी लोकप्रिय हुआ। इसी में एक है उजैर बलोच का किरदार, जिसे पर्दे पर अभिनेता दानिश पंडोर ने निभाया है। अब दानिश ने फिल्म के अपने किरदार, अपने करियर को लेकर बात की। साथ ही उन्होंने ‘धुरंधर’ के मिडिल ईस्ट में बैन होने पर भी अपनी राय रखी।

और पढ़ें loader Trending Videos यह वीडियो/विज्ञापन हटाएं

कई बार ढाई-तीन साल तक नहीं मिला काम
हिंदुस्तान टाइम्स के साथ बातचीत के दौरान दानिश पंडोर ने अपने करियर को लेकर कहा कि कई बार ऐसे दौर भी आए जब मुझे ढाई-तीन साल तक काम नहीं मिला। आप ऑडिशन देते रहते हैं, हर बार ना सुनते हैं। फिर एक समय ऐसा आता है, जब आप खुद पर सवाल उठाने लगते हैं। एक हिट फिल्म से बेहतर काम की गारंटी नहीं मिलती। इससे आपको पहचान तो मिलती है, लेकिन फिर भी आपको मेहनत करके खुद को साबित करना होता है।

विज्ञापन विज्ञापन

मिडिल ईस्ट में ‘धुरंधर’ पर बैन अनावश्यक
मिडिल ईस्ट में ‘धुरंधर’ पर लगे बैन को अनावश्यक बताते हुए एक्टर ने कहा कि सिनेमा सब्जेक्टिव होता है। ‘धुरंधर’ कहानी कहने के बारे में है, न कि किसी पर जबरदस्ती कोई संदेश थोपने के बारे में। दर्शक इतने समझदार हैं कि वे खुद तय कर सकते हैं कि वे इससे क्या लेना चाहते हैं। अगर आप निगेटिव चीजों पर ही ध्यान केंद्रित करते रहेंगे, तो आप आगे नहीं बढ़ पाएंगे। जो अच्छा है उसे अपनाएं और थोड़ा सोच-समझकर आगे बढ़ें।

तारीफ के साथ आती है जिम्मेदारी
फिल्म में अपने किरदार को मिली प्रशंसा और प्रतिक्रिया पर आभार जताते हुए दानिश ने कहा कि इससे जिम्मेदारी बढ़ती है। अब और विनम्र रहना होगा और अच्छे काम पर ध्यान देना होगा। उन्होंने कहा कि जब लोग आपके काम को पसंद करते हैं, तो यह बड़ा अच्छा लगता है। लेकिन इसके साथ ही जिम्मेदारी भी बढ़ती है कि आपका अगल काम भी वैसा ही हो। क्योंकि आपको लोगों का वो प्यार बनाए रखना है। आपको लोगों की उम्मीदों पर खरा उतरना होता है। मैं अब भी लोगों से काम मांगता हूं। आप आराम से बैठकर यह नहीं सोच सकते कि सब कुछ अपने आप आपके पास आ जाएगा। आपको केवल अपना 100% देना है। बाकी आपके हाथ में नहीं है।

Danish Pandor As Uzair Baloch Called Dhurandhar Unnecessary Ban In Middle East Says Cinema Is Subjective

धुरंधर - फोटो : एक्स

दानिश ने की रणवीर और अक्षय खन्ना की तारीफ
दानिश ने फिल्म के अपने साथी कलाकारों की भी जमकर तारीफ की। रणवीर सिंह को लेकर उन्होंने कहा कि वो एक कमाल के कलाकार हैं। वो बाकी कलाकारों को निखरने का मौका देते हैं। वो सबसे सिक्योर और निस्वार्थी कलाकारों में से एक हैं। वो सिर्फ इस पर ध्यान देते हैं कि कैसे इस सीन को और बेहतर बनाना है। वह पूरी तैयारी के साथ पूरी तरह से अपने किरदार में ढलकर सेट पर आते हैं। उन्हें काम करते हुए देखकर ही प्रेरणा मिलती है। अक्षय खन्ना की तारीफ करते हुए दानिश ने कहा कि वो बहुत कम बोलने वाले इंसान हैं। वो चुपचाप बैठते हैं, हर चीज को ध्यान से देखते हैं और कैमरा चालू होते ही उनका व्यक्तित्व बदल जाता है। इस तरह की खामोश तैयारी बेहद प्रभावशाली होती है। उन्हें देखकर समझ आया कि एक्टिंग के लिए सुनना और आत्मसात करना कितना जरूरी है।

41 दिनों बाद भी बॉक्स ऑफिस पर बनी हुई है ‘धुरंधर’
‘धुरंधर’ की बात करें तो फिल्म बॉक्स ऑफिस पर 41 दिन पूरे कर चुकी है। सैकनिल्क के मुताबिक, 41 दिनों में फिल्म की कुल कमाई 812.83 करोड़ रुपए तक पहुंच चुकी है। जबकि मेकर्स का दावा है कि फिल्म की कमाई इससे ज्यादा है। फिल्म भारत के साथ-साथ ओवरसीज बॉक्स ऑफिस पर भी अच्छा प्रदर्शन कर रही है।

View Original Source