MP में फिर पलटेगा मौसम: कड़ाके की ठंड, बूंदाबांदी के आसार, जानें 21 जनवरी से क्यों बदलने वाला है मौसम? - weather will change again in mp: severe cold, chances of drizzle, know why the weather is going to change from january 21?
मध्य प्रदेश में आने वाले 72 घंटे मौसम के लिहाज से बेहद संवेदनशील रहने वाले हैं। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, प्रदेश में उत्तर भारत से आ रही बर्फीली हवाओं के कारण कड़ाके की ठंड का दौर शुरू हो गया है। 21 जनवरी के बाद एक नए पश्चिमी विक्षोभ के असर से मौसम के मिजाज में और बड़ा बदलाव देखने को मिलेगा।
मध्य प्रदेश में आने वाले 72 घंटे मौसम के लिहाज से बेहद संवेदनशील रहने वाले हैं। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, प्रदेश में उत्तर भारत से आ रही बर्फीली हवाओं के कारण कड़ाके की ठंड का दौर शुरू हो गया है। 21 जनवरी के बाद एक नए पश्चिमी विक्षोभ के असर से मौसम के मिजाज में और बड़ा बदलाव देखने को मिलेगा। इधर रविवार-सोमवार की रात कई संभागों में न्यूनतम तापमान सामान्य से 2 से 4 डिग्री सेल्सियस तक नीचे चला गया। इंदौर, उज्जैन, भोपाल, शहडोल और सागर संभाग के जिलों में सुबह-शाम ठंड ज्यादा महसूस की गई।
प्रदेश में न्यूनतम पारे की चाल
प्रदेश में सबसे कम न्यूनतम तापमान 7.3 डिग्री सेल्सियस करौदी (कटनी) में दर्ज किया गया। वहीं सबसे अधिक अधिकतम तापमान 31.8 डिग्री सेल्सियस मंडला में रिकॉर्ड किया गया। भोपाल में अधिकतम तापमान 27.7 डिग्री और न्यूनतम तापमान 10.6 डिग्री सेल्सियस रहा।
ग्वालियर-चंबल में 'कोल्ड अटैक', पाले का खतरा
ग्वालियर, भिंड, मुरैना और दतिया समेत उत्तरी बेल्ट में न्यूनतम तापमान सामान्य से काफी नीचे चला गया है। रिटायर्ड मौसम विज्ञानी डॉ. शैलेंद्र नायक ने किसानों के लिए सलाह जारी करते हुए बताया कि खुले खेतों में पाले (Frost) का गंभीर खतरा बना हुआ है, जो रबी की फसलों को नुकसान पहुंचा सकता है। किसानों को सलाह दी गई है कि वे खेतों में हल्की सिंचाई करें और रात के समय धुआं करके तापमान संतुलित रखें।
21 जनवरी से बदलेगा माहौल
मौसम विशेषज्ञ डॉ. नायक के अनुसार, 21 जनवरी की रात से पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होगा। इसके चलते भोपाल, इंदौर और उज्जैन संभाग में बादलों की आवाजाही बढ़ेगी। हल्की बूंदाबांदी या फुहारें पड़ने की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता। ठंडी हवाओं की रफ्तार बढ़ने से दिन के तापमान में भी गिरावट आएगी। जबलपुर, शहडोल और रीवा संभाग में आसमान साफ रहने के बावजूद सुबह के समय हल्की धुंध और कोहरा छाया रहेगा। खासकर नदियों और जलाशयों के पास विजिबिलिटी कम रह सकती है, जिससे यातायात प्रभावित होने की आशंका है।\
देश में किन्नरों के धर्मांतरण का पहला केस! हिंदू किन्नर की मौत के बाद साथी 'किन्नर रानी' के गंभीर आरोप
अगले 3 दिनों का पूर्वानुमान
डॉ. नायक के अनुसार 20 जनवरी को मौसम शुष्क, कड़ाके की ठंड रहेगी। वहीं 21-22 जनवरी को बादलों का डेरा, ठंडी हवाएं तेज़, बूंदाबांदी संभव।
MP में मिला 'अजगर लोक', जहां लगती है भयंकर सांपों की पंचायत, जानिए क्यों जमा होते हैं सैकड़ों Python
किसानों के लिए जरूरी एडवाइजरी
सिंचाई: पाले से बचाव के लिए फसलों में हल्की नमी बनाए रखें। सब्जियों और छोटे पौधों को टाट या प्लास्टिक से ढंकें। गेहूं और चने की फसल में कीटों के प्रभाव पर नजर रखें।