बॉर्डर: जेपी दत्ता ने शहीद भाई की याद में बनाई थी फिल्म, मिली जान की धमकी, कहानी सुन यह बोले थे PM - border movie jp dutta got death threats made this film in memory of his late brother the then pm had this to say
इस वक्त सनी देओल की फिल्म 'बॉर्डर 2' को लेकर काफी तगड़ा बज़ है, जो 23 जनवरी को रिलीज होगी। यह साल 1997 में आई इसी नाम की फिल्म का सीक्वल है। 'बॉर्डर' को जेपी दत्ता ने डायरेक्ट किया था और उसने रिलीज होने पर कई रिकॉर्ड बनाए थे। 'बॉर्डर' 90 के दशक की चौथी सबसे बड़ी ब्लॉकबस्टर थी। साथ ही यह साल 1997 की सबसे ज्यादा कमाई वाली हिंदी फिल्म भी थी। रिपोर्ट्स के मुताबिक, 10 करोड़ में बनी 'बॉर्डर' ने तब करीब 65 करोड़ के आसपास कमाई की थी। 'बॉर्डर 2' के साथ भी मेकर्स कुछ ऐसे ही करिश्मे की उम्मीद कर रहे हैं। इसे अनुराग सिंह ने डायरेक्ट किया है। अब 'बॉर्डर 2' 29 साल पहले किए गए 'बॉर्डर' के करिश्मे को दोहरा पाती है या नहीं, यह तो फिल्म के रिलीज होने पर ही पता चलेगा। लेकिन यहां आपको 'बॉर्डर' से जुड़े वाकये बता रहे हैं। मसलन, जेपी दत्ता को इस फिल्म के लिए जान से मारने की धमकियां मिली थीं। तत्कालीन प्रधानमंत्री पीवी नरसिम्हा राव ने जब 'बॉर्डर' की कहानी सुनी थी तो कहा था कि ये फिल्म जरूर बननी चाहिए।
'बॉर्डर' साल 1971 की भारत-पाकिस्तान की लड़ाई पर बनी थी, जिसमें लोंगेवाला में लड़ा गया युद्ध दिखाया गया था। फिल्म में सनी देओल, सुनील शेट्टी, अक्षय खन्ना, सुदेश बैरी, पुनीत इस्सर, तब्बू, पूजा भट्ट और शरबानी मुखर्जी जैसे कलाकार थे। पहले यह फिल्म सलमान खान, आमिर खान, अक्षय कुमार और अजय देवगन को ऑफर की गई थी, पर उन्होंने रोल ठुकरा दिए थे। लेकिन जेपी दत्ता ने जब चुने हुए कलाकारों के साथ 'बॉर्डर' बनाई तो ब्लॉकबस्टर रही, हालांकि उन्हें जान से मारने की धमकियां भी मिलीं।
बॉर्डर के सेट पर सनी देओल और जेपी दत्ता, pic: Sunny Deol Instagram
जेपी दत्ता ने बताया था- धमकियां मिल रही थीं, दो बॉडीगार्ड हमेशा साथ रहते
जेपी दत्ता ने खुद इस बारे में बताया था। उन्होंने एक बार 'फोर्ब्स' के कॉलम में इस बारे में लिखा था। जेपी दत्ता ने बताया था कि 'बॉर्डर' की रिलीज के बाद उनकी जान खतरे में थी। इस वजह से उन्हें हथियारों से लैस दो बॉडीगार्ड्स दिए गए। वो तीन-चार महीनों तक चौबीसों घंटे जेपी दत्ता की सुरक्षा में तैनात रहे। जेपी दत्ता ने बताया था कि उन्हें बार-बार धमकियां मिल रही थीं और सबक सिखाए जाने की बात कही जा रही थी।
pic: IMDb
शहीद भाई की याद में बनाई थी 'बॉर्डर', कौन थे जेपी दत्ता के भाई
जेपी दत्ता ने 'बॉर्डर' शहीद भाई दीपक दत्ता की याद में बनाई थी। दीपक स्क्वाड्रन लीडर थे, जो लोंगेवाला में हुई भारत-पाकिस्तान की लड़ाई में लड़े थे। जेपी दत्ता को लोंगेवाला की लड़ाई की कहानी भाई दीपक दत्ता ने ही सुनाई थी। भाई और अन्य सैनिकों की वीरता के किस्से सुनकर जेपी दत्ता का दिल भी दहल गया था। तभी उन्होंने उस पर फिल्म बनाने का फैसला कर लिया था। हालांकि, बताया जाता है कि सरकार द्वारा एक गुप्त अधिनियम के कारण 25 साल तक किसी भी युद्ध को डॉक्यूमेंट्री का रूप नहीं दिया जा सकता था। ऐसे में जेपी दत्ता ने उस पर फिल्म बनाने के लिए 1996 तक का इंतजार किया।
बॉर्डर के सेट पर सनी देओल और जेपी दत्ता, pic: Sunny Deol Instagram
'बॉर्डर' की स्क्रिप्ट सुन यह बोले थे तत्कालीन प्रधानमंत्री
साल 1996 में जेपी दत्ता ने इस युद्ध पर 'बॉर्डर' नाम से फिल्म बनाने का फैसला किया। उस वक्त पीवी नरसिम्हा राव देश के प्रधानमंत्री थे। बताया जाता है कि जब जेपी दत्ता ने पीएम को 'बॉर्डर' की स्क्रिप्ट सुनाई, तो उन्होंने कहा था कि ये फिल्म जरूर बननी चाहिए।
'बॉर्डर' ने रिलीज होने पर बनाए थे ये रिकॉर्ड
'बॉर्डर' जब बनी तो छा गई और रिलीज होने पर कई रिकॉर्ड बनाएथे। यह साल 1997 की सबसे बड़ी ओपनिंग वाली फिल्म रही। इसने ओपनिंग डे पर 1.12 करोड़ की कमाई की थी। 'बॉर्डर' को अभी तक की एकमात्र हिंदी वॉर फिल्म जाता है, जिसे 3.7 करोड़ दर्शकों ने देखा था। इतना फुटफॉल किसी भी हिंदी फिल्म के लिए सबसे ज्यादा रहा है। रिलीज के पहले हफ्ते में इसने कमाई का रिकॉर्ड बना दिया था। साथ ही यह 1997 की सबसे ज्यादा कमाई वाली फिल्म भी रही। इसके गाने 'संदेसे आते हैं', 'तो चलूं' और 'मेरे दुश्मन' ब्लॉकबस्टर रहे थे।