The Admission Of The Accused Resident Doctor Will Be Cancelled. - Lucknow News
लखनऊ। शादी का झांसा देकर यौन शोषण, गर्भपात कराने और धर्मांतरण का दबाव बनाने के आरोपी जूनियर रेजिडेंट डॉ. रमीज मलिक का केजीएमयू से दाखिला रद्द किया जाएगा। विशाखा कमेटी की जांच रिपोर्ट के आधार पर केजीएमयू प्रशासन ने चिकित्सा शिक्षा महानिदेशक को दाखिला रद्द करने की संस्तुति भेजी है।
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शुक्रवार को कुलपति डॉ. सोनिया नित्यानंद ने प्रेसवार्ता कर बताया कि डॉ. रमीज ने नीट के माध्यम से करीब सवा साल पहले पैथोलॉजी विभाग में एमडी कोर्स में दाखिला लिया था। उसी विभाग की एक महिला रेजिडेंट डॉक्टर ने 22 दिसंबर को विशाखा कमेटी में गंभीर शिकायत दर्ज कराई। सात सदस्यीय कमेटी ने पीड़िता व आरोपी के बयान दर्ज कर जांच शुरू की।
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पीड़िता के अनुसार, 6 जुलाई 2025 को उसकी डॉ. रमीज से मुलाकात हुई। शादी का झांसा देकर आरोपी ने यौन शोषण किया और गर्भपात कराया। सितंबर में पता चला कि आरोपी पहले से एक हिंदू डॉक्टर से शादी कर चुका है। संबंध तोड़ने पर 14 दिसंबर को आरोपी ने अश्लील फोटो, वीडियो और चैट वायरल करने की धमकी दी, जिससे पीड़िता मानसिक रूप से टूट गई।
लगातार प्रताड़ना से तंग आकर पीड़िता ने 17 दिसंबर को नींद की गोलियां खाकर आत्महत्या का प्रयास किया। शिकायत के बाद आरोपी को निलंबित कर परिसर में प्रवेश पर रोक लगा दी गई। 15 दिन चली विस्तृत जांच के बाद विशाखा कमेटी ने आरोपी का दाखिला रद्द करने की सिफारिश की। कुलपति ने बताया कि केजीएमयू के इतिहास में यह पहला मामला है, जब किसी पीजी रेजिडेंट का दाखिला रद्द किया गया है।

प्रेसवार्ता करतीं कुलपति।